राजधानी दिल्ली का जंतर मंतर एक बार फिर छात्रों की आवाज़ से गूंज उठा है। कर्मचारी चयन आयोग — यानी SSC की परीक्षाओं में कथित धांधलियों के खिलाफ हज़ारों छात्र और शिक्षक ‘दिल्ली चलो’ के नारे के साथ सड़कों पर उतर आए।
ये प्रदर्शन SSC की सिलेक्शन पोस्ट फेज़ 13 परीक्षा को लेकर है, जिसमें छात्रों ने गंभीर अनियमितताओं के आरोप लगाए हैं।
क्या हैं छात्रों की मुख्य शिकायतें?
👉 परीक्षा केंद्रों का गलत आवंटन – छात्रों को उनके राज्य से सैकड़ों किलोमीटर दूर परीक्षा केंद्र दे दिए गए।
👉 तकनीकी खामियां – सिस्टम क्रैश, माउस का न चलना, और सर्वर फेल जैसी समस्याएं परीक्षा के दौरान आम रहीं।
👉 परीक्षा रद्द होना – SSC ने 24 से 26 जुलाई के बीच की कई परीक्षाएं तकनीकी और प्रशासनिक कारणों से रद्द कर दीं।
👉 उत्तर कुंजी की गड़बड़ियां – गलत आंसर की से छात्रों का भविष्य दांव पर लग गया है।
👉 छात्राओं की सुरक्षा – देर रात परीक्षा केंद्रों में छात्राओं को रोके जाने के मामले भी सामने आए हैं।
छात्रों का आरोप है कि एग्जाम वेंडर एडुक्विटी की लापरवाही और SSC की चुप्पी ने उनकी मेहनत पर पानी फेर दिया है।
जब छात्रों ने आवाज़ उठाई, तो पुलिस ने कई शिक्षकों को हिरासत में ले लिया। जिससे आंदोलन और तेज़ हो गया।
छात्रों की मांग है— पारदर्शिता, जवाबदेही और परीक्षा प्रक्रिया में सुधार।
जंतर मंतर से उठी यह आवाज़ अब देशभर के युवाओं की उम्मीद बन चुकी है।


